गुमिन मिज़ अंतरिम जमानत पर रिहा
इटानगर, 27 मई (हि.स.)। अरुणाचल प्रदेश के नशा-विरोधी कार्यकर्ता गुमिन मिज़ को बुधवार को असम के लखीमपुर जिला न्यायालय द्वारा अंतरिम जमानत दिए जाने के बाद असम जेल से रिहा कर दिया गया। न्यायालय ने अधिकारियों को अगली सुनवाई से पहले मामले की केस डायरी और उनकी चिकित्सा रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश भी दिया।
लखीमपुर के अतिरिक्त जिला सत्र न्यायाधीश (एफटीसी) ने अरुणाचल एंटी-ड्रग्स वॉरियर के अध्यक्ष मिज़ को बिहपुरिया पुलिस स्टेशन केस संख्या 72/2026 के संबंध में 1 लाख रुपये के बांड और इतनी ही राशि के दो उपयुक्त जमानती जमा करने की शर्त पर अंतरिम जमानत दी।
अदालत ने मिज़ को जांच में सहयोग करने, आवश्यकता पड़ने पर जांच अधिकारी के समक्ष उपस्थित होने, गवाहों को धमकाने से परहेज करने और जमानत पर रहते हुए इसी तरह के अपराधों में शामिल न होने का निर्देश दिया।
सुनवाई के दौरान, अभियोजन पक्ष ने आरोपों की गंभीरता का हवाला देते हुए जमानत याचिका का विरोध किया। हालांकि, अदालत ने पाया कि मामले के तथ्यों और परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए, मामले की केस डायरी और संबंधित रिकॉर्ड प्राप्त होने तक इस स्तर पर अंतरिम जमानत दी है।
गुमिन के वकील ने दलील दी कि उन्हें झूठा फंसाया गया है और हिरासत में मारपीट के आरोप भी लगाए।
मिंज को असम पुलिस ने इटानगर से बिहपुरिया पुलिस स्टेशन के केस नंबर 72/2026 के तहत गिरफ्तार किया था, जो असम के लखीमपुर जिले के सेसा राजगढ़ में हुई एक कथित घटना से संबंधित है।
हिन्दुस्थान समाचार / तागू निन्गी

