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मालीगांव कालीबाड़ी दुर्गा पूजा का थीम 'जैव विविधता

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गुवाहाटी, 12 अक्टूबर (हि.स.)। दुर्गा पूजा की खुशी और देवी दुर्गा के आगमन के इंतजार में गुवाहाटी के मालीगांव कालीबाड़ी सज-धजकर तैयार हो रहा है। देवी दुर्गा की आराधना को केंद्र में रखकर तैयारियां पहले से ही जोरों पर शुरू हो चुकी हैं। इस साल मालीगांव कालीबाड़ी की दुर्गा पूजा अपने 76वें वर्ष में प्रवेश कर रही है। इस बार की पूजा का मुख्य आकर्षण 'जैव विविधता' विषय पर आधारित मंडप की सजावट है। प्रकृति और पर्यावरण के साथ इंसानों के गहरे रिश्ते का संदेश देने के साथ-साथ मां दुर्गा की आराधना के ज़रिए धार्मिक पवित्रता और उत्सव का माहौल बनाना आयोजकों का मुख्य उद्देश्य है।

पूजा समिति की ओर से बताया गया है कि आगामी 15 अक्टूबर को पूर्वोत्तर सीमा रेलवे के महाप्रबंधक औपचारिक रूप से इस दुर्गा पूजा का उद्घाटन करेंगे।

इस बार के दुर्गोत्सव में देवी दुर्गा की मूर्ति बनाने की जिम्मेदारी कोलकाता के मशहूर मूर्तिकार पीयूष बाग को दी गई है। मंडप सजावट का जिम्मा मालीगांव प्राग्ज्योतिष नगर के 'क्रिस्टल स्पार्क डेकोरेटर्स' के पास है। वहीं, मालीगांव गोशाला के 'बाबा लोकनाथ इलेक्ट्रिकल्स' की देखरेख में रोशनी और सजावट का काम पूरा होगा। इस बार की पूजा का कुल बजट लगभग 20 लाख रुपये है।

देवी दुर्गा की वंदना, पुष्पांजलि, आरती और विभिन्न धार्मिक रीति-रिवाजों के साथ-साथ इस बार की पूजा में कई सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे। आगामी 16 से 20 अक्टूबर तक विभिन्न प्रतियोगिताओ का आयोजन किया गया है, जैसे चित्रकला (ड्राइंग) प्रतियोगिता, आधुनिक नृत्य प्रतियोगिता, आरती प्रतियोगिता आदि शामिल है।

इसके अलावा, महाअष्टमी के अवसर पर विशेष आकर्षण के रूप में कुमारी पूजा का आयोजन किया जाएगा। इस आयोजन को लेकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखा जा रहा है।

साथ ही, प्रतिदिन श्रद्धालुओं के बीच प्रसाद और भोग का वितरण किया जाएगा। आयोजकों को उम्मीद है कि मां दुर्गा के आशीर्वाद के लिए पूजा के दिनों में भारी संख्या में श्रद्धालु जुटेंगे।

मां दुर्गा की आराधना, जैव विविधता का संदेश और धार्मिक व सांस्कृतिक कार्यक्रमों के संगम से इस बार मालीगांव कालीबाड़ी का दुर्गोत्सव एक विशेष आकर्षण बनेगा। अंतिम चरण की तैयारियों को लेकर पूजा समिति के सदस्यों के बीच व्यस्तता चरम पर है।

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हिन्दुस्थान समाचार / देबजानी पतिकर