home page

रंगानदी हाइड्रो इलेक्ट्रिक प्रोजेक्ट समझौता ज्ञापन डिमांड कमेटी ने दोहराई अपनी मांग

 | 
रंगानदी हाइड्रो इलेक्ट्रिक प्रोजेक्ट समझौता ज्ञापन डिमांड कमेटी ने दोहराई अपनी मांग


इटानगर, 10 सितंबर (हि.स.)। अरूणाचल प्रदेश केयी पान्योर जिला के रंगानदी हाइड्रो इलेक्ट्रिक प्रोजेक्ट के समझौता ज्ञापन डिमांड कमेटी ने राज्य सरकार को 30 दिन का अल्टीमेटम दिया है। वे अपनी बाकी 10 मांगों को पूरा करवाना चाहते हैं, जिनमें लोकल एरिया डेवलपमेंट फंड को लागू करना और योग्य स्थानीय युवाओं, खासकर प्रोजेक्ट से प्रभावित परिवारों के लिए ग्रुप सी और डी में 100% नौकरी देना शामिल है।

नेशनल हाइड्रो पावर पॉलिसी 2007 और स्टेट हाइड्रो पावर पॉलिसी 2008 के प्रावधानों को लागू न किए जाने पर चिंता जताते हुए कमेटी के चेयरमैन ताबा टेची ने आज अरुणाचल प्रेस क्लब में मीडिया से बात करते हुए उपरोक्त बातें कही।

उन्होंने कहा कि मुख्य फैसलों और हाइड्रो पावर पॉलिसी को लागू न करने की वजह से 405 मेगावाट पान्योर लोअर हाइड्रो इलेक्ट्रिक प्रोजेक्ट (जिसे पहले रंगानदी हाइड्रो इलेक्ट्रिक प्रोजेक्ट के नाम से जाना जाता था) से प्रभावित परिवारों को नुकसान हो रहा है।

हमने अपनी 13 मांगों को लेकर राज्य सरकार और 405 मेगावाट पान्योर लोअर हाइड्रो इलेक्ट्रिक प्रोजेक्ट के अधिकारियों के सामने बार-बार अपनी बातें रखी है। इनमें से तीन मांगें तो पूरी हो गई हैं, लेकिन मुख्य मांगें अभी भी लंबित हैं। इनमें स्थानीय स्थान का पुनर्गठन और राजनीतिक दखल को रोकने के लिए लोकल एरिया डेवलपमेंट कमेटी के अहम पदों पर प्रोजेक्ट से प्रभावित परिवारों के असली सदस्यों की नियुक्ति शामिल है।

राज्य के मौजूदा पावर प्रोजेक्ट्स की तरह ही प्रोजेक्ट पर कमेटी औपचारिक हस्ताक्षर। 1% मुफ्त बिजली का आवंटन ' ग्रुप सी और डी भूमिकाओं के लिए 100% स्थानीय भर्ती का सख्ती से पालन, बाहरी लेबर कॉन्ट्रैक्टर्स की बजाए क्षेत्र के युवाओं को प्राथमिकता देना आदि शामिल है।

उन्होंने कहा कि अगर अरुणाचल प्रदेश सरकार की ओर से इस नोटिस के 30 दिनों के भीतर संतोषजनक जवाब और ठोस प्रशासनिक कदम नहीं उठाए गए, तो वे अपने अधिकारों के लिए लोकतांत्रिक आंदोलन करने को मजबूर होंगे।

हिन्दुस्थान समाचार / तागू निन्गी