इंडियन ऑयल के सीएसआर विद्यालय ने रचा इतिहास, 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षा में शत-प्रतिशत परिणाम
बंगाईगांव (असम), 11 जून (हि.स.)। इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (आईओसीएल) की बंगाईगांव रिफाइनरी (बीजीआर) द्वारा संचालित सीएसआर समर्थित बंगाईगांव रिफाइनरी हायर सेकेंडरी स्कूल ने इस वर्ष 10वीं (एचएसएलसी) और 12वीं बोर्ड परीक्षाओं में शत-प्रतिशत सफलता हासिल कर एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। परीक्षा में शामिल सभी 57 विद्यार्थियों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए सफलता प्राप्त की।
इस उपलब्धि के उपलक्ष्य में चंपा क्लब ऑडिटोरियम में एक भव्य सम्मान समारोह का आयोजन किया गया, जिसमें मेधावी विद्यार्थियों एवं शिक्षकों को सम्मानित किया गया। समारोह में बंगाईगांव रिफाइनरी के कार्यकारी निदेशक एवं रिफाइनरी प्रमुख नयन कुमार बरवा मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उनके साथ महाप्रबंधक (मानव संसाधन) मुसुखा बोडो सहित रिफाइनरी के कई वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद थे।
कार्यक्रम के दौरान रिफाइनरी प्रमुख ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों और समर्पित शिक्षकों को प्रशस्ति-पत्र एवं स्मृति चिह्न प्रदान किए। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि आज के प्रतिस्पर्धात्मक दौर में सफलता प्राप्त करने के लिए शांतचित्तता, एकाग्रता और पूर्णता तीन ऐसे मूल मंत्र हैं, जिन्हें प्रत्येक विद्यार्थी को अपने जीवन का हिस्सा बनाना चाहिए। उन्होंने शिक्षकों की मेहनत और समर्पण की सराहना करते हुए विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
वर्ष 1984 में स्थापित यह विद्यालय बाद में इंडियन ऑयल की कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (सीएसआर) योजना के अंतर्गत शामिल किया गया। वर्तमान में यह संस्थान असम के चिरांग, कोकराझार, बंगाईगांव और धुबड़ी जिलों के विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण एवं सुलभ मातृभाषा आधारित शिक्षा उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।
विद्यालय के प्राचार्य बिजॉय कुमार शर्मा ने इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि इस प्रकार का सम्मान विद्यार्थियों और शिक्षकों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगा तथा आने वाली पीढ़ियों को उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए प्रोत्साहित करेगा। उन्होंने विद्यालय की सफलता का श्रेय शिक्षकों की अथक मेहनत और बंगाईगांव रिफाइनरी प्रबंधन के निरंतर सहयोग को दिया।
ग्रामीण एवं आर्थिक रूप से साधारण परिवारों से आने वाले विद्यार्थियों की यह सफलता न केवल उनकी मेहनत का परिणाम है, बल्कि इंडियन ऑयल की सीएसआर पहल के माध्यम से शिक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे सार्थक प्रयासों का भी उत्कृष्ट उदाहरण है।
हिन्दुस्थान समाचार / किशोर मिश्रा

