ढाका के मौलाना की सलाह पर हिमंत ने बीजेपी जॉइन की थी: पवन खेड़ा
गुवाहाटी, 01 अप्रैल (हि.स.)। कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने बुधवार को असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा और भाजपा पर तीखा हमला बोलते हुए दावा किया कि हिमंत ने ढाका के एक मौलाना की सलाह पर भाजपा में शामिल हुए थे।
गुवाहाटी में आयोजित संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए खेड़ा ने असम सरकार को “बंटी-बबली सरकार” करार दिया और भाजपा के वादों पर प्रतीकात्मक “लाई डिटेक्टर टेस्ट” कर उनके असफल होने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि बाढ़ नियंत्रण, रोजगार और स्वास्थ्य जैसे अहम मुद्दों पर सरकार पूरी तरह विफल रही है।
खेड़ा के अनुसार, असम में केवल 19 प्रतिशत लोगों के पास स्थायी वेतन वाली नौकरी है, जबकि शहरी क्षेत्रों में बेरोजगारी बढ़कर 25 प्रतिशत हो गई है। उन्होंने अवैध प्रवासियों के निष्कासन के आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि मनमोहन सिंह सरकार के दौरान 88,792 लोगों को निष्कासित किया गया था, जबकि भाजपा के शासनकाल में यह संख्या मात्र 2,566 रही।
कांग्रेस नेता ने भाजपा नेताओं के परिजनों की संपत्ति में कथित असामान्य वृद्धि, बच्चों के स्वास्थ्य की खराब स्थिति और चाय बागान श्रमिकों के वेतन वृद्धि जैसे मुद्दों पर भी सरकार को घेरा। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार अस्पताल निर्माण सहित कई वादों को पूरा करने में नाकाम रही है।
खेड़ा ने कहा कि कांग्रेस सत्ता में आने पर अवैध प्रवास के मुद्दे पर ठोस कदम उठाएगी और जवाबदेही सुनिश्चित करेगी। साथ ही उन्होंने जनता से भाजपा के “झूठे वादों” को नकारने की अपील की।
हिन्दुस्थान समाचार / श्रीप्रकाश

