असम के 40 लाख ‘ओरुणोदोई’ लाभार्थियों को मिलेंगे नौ हजार रुपये : डॉ. सरमा
गुवाहाटी, 08 मार्च (हि.स.)। असम के मुख्यमंत्री ड़ॉ. हिमंत बिस्व सरमा ने अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर राज्य की महिलाओं के लिए बड़ी घोषणा की। उन्होंने कहा कि असम की लगभग 40 लाख ‘ओरुणोदोई’ योजना की महिला लाभार्थियों के बैंक खातों में आगामी 10 मार्च को एक साथ चार महीने की ग्रांट और बोहाग बिहू उत्सव के लिए अतिरिक्त राशि सहित कुल 9,000 रुपये ट्रांसफर किए जाएंगे।
मुख्यमंत्री ने बताया कि इस योजना के तहत राज्य सरकार एक ही दिन में लगभग 3,600 करोड़ रुपये लाभार्थियों के खातों में भेजेगी, जो बैंकिंग लेन-देन के लिहाज से एक रिकॉर्ड ट्रांजैक्शन होगा।
दरअसल, ‘ओरुणोदोई’ योजना असम सरकार का एक प्रमुख गरीबी उन्मूलन कार्यक्रम है। इसके तहत आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की पात्र महिला सदस्यों को हर महीने 1,250 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाती है, ताकि वे अपने परिवार की बुनियादी जरूरतों को पूरा कर सकें।
फेसबुक लाइव सत्र के माध्यम से लोगों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने लाभार्थी परिवारों से राज्यभर में आयोजित बैठकों में शामिल होने की अपील की। उन्होंने कहा कि सरकार की ताकत जनता के समर्थन से आती है।
महिलाओं के सशक्तिकरण पर सरकार के फोकस को रेखांकित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि वित्तीय सुरक्षा, शिक्षा, स्वास्थ्य देखभाल और उद्यमिता जैसे क्षेत्रों में चलाई जा रही विभिन्न पहलों से लाखों महिलाओं को आत्मविश्वास और स्वतंत्रता मिली है।
मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर भी एक पोस्ट साझा करते हुए कहा कि महिलाओं को सशक्त बनाना राज्य के विकास की केंद्रीय कहानी का हिस्सा रहा है। उन्होंने असम की “नारी शक्ति” की ताकत और उत्साह का भी जश्न मनाया।
मुख्यमंत्री कार्यालय के अनुसार, केंद्र और राज्य सरकार की कई योजनाओं से राज्य की महिलाओं को व्यापक लाभ मिला है। इनमें प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत 51 लाख से अधिक एलपीजी कनेक्शन और 59 लाख से ज्यादा घरों में नल के पानी के कनेक्शन उपलब्ध कराना शामिल है।
इसके अलावा राज्य में 5.5 लाख से अधिक “लखपति दीदी” तैयार की गई हैं, 900 से अधिक महिला स्टार्टअप्स को सहायता दी गई है और करीब 56 हजार आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण प्रदान किया गया है। असम सरकार का कहना है कि इन पहलों का उद्देश्य महिलाओं को आर्थिक और सामाजिक रूप से सशक्त बनाना है।--------------
हिन्दुस्थान समाचार / अरविन्द राय

