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चुनाव 26 : दिसपुर सीट पर निर्दलीय उम्मीदवार से लड़ाई हुई दिलचस्प

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चुनाव 26 : दिसपुर सीट पर निर्दलीय उम्मीदवार से लड़ाई हुई दिलचस्प


गुवाहाटी, 03 अप्रैल (हि.स.)। असम में अब विधानसभा चुनाव प्रचार अपने चरम पर पहुंच गया है। सत्ताधारी एवं विपक्ष की पूरे राज्य में लगातार चुनावी सभाएं आयोजित हो रही हैं। वहीं, दूसरी ओर राजधानी की दिसपुर विधानसभा सीट पर निर्दलीय उम्मीदवार ने लड़ाई को दिलचस्प बना दिया है। निर्दलीय प्रत्याशी जयंत कुमार दास के प्रचार अभियान ने भी जोर पकड़ लिया है।

ज्ञात हो कि, जयंत कुमार दास लंबे समय से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के सक्रिय कार्यकर्ता थे। लेकिन विधानसभा चुनाव में टिकट नहीं मिलने पर पार्टी छोड़कर निर्दल चुनाव लड़ने का ऐलान कर दिया। जयंत कुमार दास के समर्थन में विभिन्न दल और संगठन एकत्र होते नजर आ रहे हैं।

इस कड़ी में शुक्रवार को असम पब्लिक वर्कस (एपीडब्ल्यू) के अध्यक्ष अभिजीत शर्मा पूरी तरह से जयंत दास का समर्थन करने का ऐलान किया। अभिजीत शर्मा और जयंत दास ने गुरुवार काे एक संयुक्त संवाददाता सम्मेलन में अपनी चुनावी रणनीतियों का खुलासा किया।

संवाददाता सम्मेलन से पहले जयंत दास के प्रतीक चिह्न “ईंट” अभिजीत शर्मा द्वारा प्रदान किया गया। प्रत्याशी के बेलतला स्थित घर में क्षेत्र के कई संगठनों का नेतृत्व एकत्र हुआ। संगठनों के नेताओं ने कहा कि दिसपुर के निवासियों को ध्यान रखना होगा कि हमें ईंट के चुनाव चिह्न पर मतदान करना होगा।

मीडिया को संबोधित करते हुए जयंत दास ने कहा कि भाजपा प्रत्याशी प्रद्युत बोरदोलोई एक व्यक्ति के एजेंट थे, ऐसे में उस व्यक्ति का विश्वास नहीं किया जा सकता यह बात आज प्रमाणित हो गयी है। ज्ञात हो कि बोरदलोई कांग्रेस छोड़कर भाजपा में शामिल हुए और उन्हें टिकट भी मिल गया। इसी बात को लेकर अभितजीत शर्मा ने कहा कि पैराशूट लैंडिंग करने वाले व्यक्ति को नहीं, बल्कि लोगों के बीच मौजूद व्यक्ति को वोट दें। आज समस्या राज्य में बड़ी है इसलिए जयंत दास का समर्थन किया गया है। उन्होंने कहा कि दिसपुर के लोगों ने सब कुछ समझ लिया है।

जयंत दास ने कहा कि भाजपा का काम सिर्फ दिल्ली को खुश करने के लिए है। उन्होंने कहा कि भाजपा 125 सीटों पर मुकाबला करें लेकिन दिसपुर छोड़ दें। मैं (जयंत दास) एक छोटा कण हूं। छोटे-छोटे कण मिलकर ही पार्टी बनी थी। आज पार्टी से ऐसे लोगों बाहर आना पड़ रहा है। मैं अर्जुन की आंख की तरह अब केवल दिसपुर को देख रहा हूं। उन्होंने दिसपुर की जनता से उन्हें जिताने का आह्वान किया। ------------------

हिन्दुस्थान समाचार / अरविन्द राय