अंबुवासी मेला: असम सरकार की व्यापक व्यवस्थाओं से श्रद्धालुओं को मिल रहा सुरक्षित और सुव्यवस्थित वातावरण: भाजपा
गुवाहाटी, 19 जून, (हि.स.)। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने कहा है कि सृष्टि की मूल शक्ति, मातृशक्ति की उपासना और प्रकृति की चिरंतन उर्वरता के प्रतीक अंबुवासी महोत्सव का विशेष आध्यात्मिक महत्व है। जनमान्यता के अनुसार इस अवधि में आदिशक्ति मां कामाख्या ऋतुमती होती हैं, जिससे समस्त सृष्टि में शक्ति का नया जागरण होता है। इसी कारण अंबुवासी केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि नारीशक्ति, सृजनशीलता, सहनशीलता और जीवन की निरंतरता का उत्सव भी है।
प्रदेश भाजपा प्रवक्ता डॉ अंकिता दत्ता ने शुक्रवार को जारी एक बयान में कहा है कि विश्वप्रसिद्ध शक्तिपीठ कामाख्या मंदिर में आयोजित होने वाले इस महोत्सव में देश-विदेश से लाखों साधु-संत, तांत्रिक, शोधकर्ता, पर्यटक और श्रद्धालु पहुंचते हैं। भारतीय आध्यात्मिक परंपरा में अंबुवासी मेले का विशेष स्थान है और इस आयोजन ने असम को वैश्विक स्तर पर एक विशिष्ट पहचान दिलाई है।
मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत बिस्व सरमा के नेतृत्व में असम सरकार ने इस वर्ष मेले को अधिक सुव्यवस्थित, स्वच्छ, सुरक्षित और श्रद्धालुओं के लिए सुविधाजनक बनाने हेतु अनेक महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। सरकार के विभिन्न विभाग दिन-रात समन्वित रूप से कार्य कर रहे हैं ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
इस वर्ष लगभग आठ लाख श्रद्धालुओं के आगमन का अनुमान है। इसे ध्यान में रखते हुए शुद्ध पेयजल, अस्थायी शौचालय, स्नानागार, विश्राम शिविर, चिकित्सा केंद्र, एम्बुलेंस सेवा, सूचना एवं सहायता केंद्रों की व्यापक व्यवस्था की गई है। मेले के दौरान सुरक्षा को सुदृढ़ बनाने के लिए असम पुलिस, यातायात पुलिस, गृह रक्षक बल तथा अन्य आपातकालीन सेवाओं की तैनाती की गई है।
श्रद्धालुओं की सुगम आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए विशेष बस सेवाएं, यातायात नियंत्रण व्यवस्था और मार्गदर्शन सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। इसके अतिरिक्त कामाख्या रेलवे स्टेशन, पांडु जहाज घाट और नहरनीबाड़ी में तीन सहायता शिविर स्थापित किए गए हैं।
वृद्धजनों और दिव्यांग श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए व्हीलचेयर की व्यवस्था की गई है। वहीं, कामाख्या मंदिर के पाददेश से मंदिर तक पूरे मार्ग पर कालीन बिछाए गए हैं ताकि श्रद्धालुओं को आने-जाने में सुविधा हो। मंदिर तक बस सेवा शुरू किए जाने से भी यात्रियों को काफी राहत मिलने की उम्मीद है।
असम सरकार ने कहा है कि अंबुवासी मेला असम तथा भारतीय सभ्यता का गौरव है। इस महोत्सव के माध्यम से देश और दुनिया के लोग असम की आध्यात्मिक महिमा, सांस्कृतिक समृद्धि और अतिथि सत्कार की परंपरा को निकट से देखने और अनुभव करने का अवसर प्राप्त करते हैं।
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हिन्दुस्थान समाचार / श्रीप्रकाश

