बसोहली उत्सव-2026 का भव्य समापन, विरासत और पर्यटन को मिला बढ़ाव
कठुआ/बसोहली, 22 अक्टूबर (हि.स.) बसोहली में आयोजित तीन दिवसीय बसोहली उत्सव-2026 का सांस्कृतिक कार्यक्रमों और पुरस्कार वितरण समारोह के साथ समापन हुआ। उत्सव में क्षेत्र की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, पारंपरिक कला, खेल प्रतिभा और पर्यटन एवं निवेश की संभावनाओं को प्रदर्शित किया गया।
समारोह का मुख्य आकर्षण बसोहली की पारंपरिक रामलीला रही जिसे देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। वहीं ऐतिहासिक किले के समीप फ्रंट पार्क में आयोजित कार्टून कार्यशाला में देशभर के सात नामी कार्टूनिस्टों ने भाग लिया। विद्यार्थियों और स्थानीय कलाकारों ने भी अपनी रचनात्मक प्रतिभा का प्रदर्शन किया। कार्यशाला में ‘विकास भी और विरासत भी’ तथा ‘नशा मुक्त भारत’ विषयों के माध्यम से जागरूकता का संदेश दिया गया। उत्सव के दौरान रामलीला मैदान में रस्साकशी प्रतियोगिता, 70 से अधिक निवेशकों की भागीदारी वाला इन्वेस्टर मीट तथा बासोहली पेंटिंग, पश्मीना और पारंपरिक कलाकृतियों की प्रदर्शनी भी आकर्षण का केंद्र रही। इसके अलावा ग्रामीण रोजगार पर यूथ पार्लियामेंट, कृत्रिम बुद्धिमत्ता और मानवता विषय पर चर्चा तथा अटल सेतु पर रावी आरती का आयोजन किया गया। समापन समारोह में सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के साथ विभिन्न गतिविधियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को सम्मानित किया गया। उत्सव ने स्थानीय कला, संस्कृति, हस्तशिल्प, युवा प्रतिभाओं और पर्यटन को प्रोत्साहित करने के साथ बसोहली की पहचान को राष्ट्रीय स्तर पर आगे बढ़ाने का संदेश दिया।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / सचिन खजूरिया

