मुख्य सचिव ने श्रीनगर स्थित रैनावारी में विट्ठल भैरव मंदिर के जीर्णोद्धार की नींव रखी
श्रीनगर, 17 अक्टूबर (हि.स.)। मुख्य सचिव अटल दुल्लू ने शनिवार को श्रीनगर जिले के रैनावारी के मोतियार स्थित ऐतिहासिक विट्ठल भैरव मंदिर के पुनरुद्धार और जीर्णोद्धार की नींव रखी। यह कश्मीर की समृद्ध सांस्कृतिक और स्थापत्य विरासत के संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
इस अवसर पर संभागीय आयुक्त कश्मीर अंशुल गर्ग, उपायुक्त श्रीनगर अक्षय लबरू, आयुक्त श्रीनगर नगर निगम डॉ. बशारत कयूम, अभिलेखागार निदेशक, कश्मीरी पंडित समुदाय के प्रतिनिधि और अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित थे। सरकार की विरासत संरक्षण पहल के तहत लगभग 2.84 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से जीर्णोद्धार परियोजना चलाई जा रही है। इस परियोजना का उद्देश्य मंदिर के ऐतिहासिक, धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व को संरक्षित करना है।
अपने दौरे के दौरान मुख्य सचिव ने प्रस्तावित जीर्णोद्धार परियोजना के विभिन्न घटकों की समीक्षा की और संबंधित अधिकारियों को निर्धारित समय-सीमा और गुणवत्ता मानकों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करते हुए कार्य में तेजी लाने का निर्देश दिया। इस परियोजना के महत्व पर जोर देते हुए अटल दुल्लू ने कहा कि जीर्णोद्धार और संरक्षण के प्रयास मंदिर की दशकों पुरानी शान को पुनर्जीवित करने और इसकी स्थापत्य एवं सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करने के उद्देश्य से किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह पहल कश्मीर के विविध सामाजिक ताने-बाने में विभिन्न समुदायों के सांस्कृतिक योगदान को मान्यता देते हुए क्षेत्र की विरासत के संरक्षण के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
मुख्य सचिव ने कहा कि मंदिर का ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और धार्मिक महत्व बहुत अधिक है और यह कश्मीर की साझा विरासत का महत्वपूर्ण हिस्सा है। उन्होंने आशा व्यक्त की कि जीर्णोद्धार कार्य से इसकी सौंदर्य अपील, विरासत मूल्य और सामाजिक महत्व को आने वाली पीढ़ियों के लिए संरक्षित करने में मदद मिलेगी।
इस अवसर पर श्रीनगर के अतिरिक्त उपायुक्त मीर इम्तियाज उल अजीज, मुख्य योजना अधिकारी फैयाज अहमद डार, श्रीनगर नगर निगम के संयुक्त आयुक्त सैयद अबू कासिम और नुज़हत कुरैशी, अधीक्षण अभियंता आर एंड बी तथीर मंजूर, साथ ही आर एंड बी, पीएचई, केपीडीसीएल, एसएमसी, पुलिस, राजस्व और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।
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हिन्दुस्थान समाचार / बलवान सिंह

