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जम्मू-कश्मीर मंत्रिमंडल विस्तार में शामिल न किए जाने पर विधायक अब्दुल मजीद लारवी ने की निराशा व्यक्त

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श्रीनगर, 27 अक्टूबर (हि.स.)।नेशनल कॉन्फ्रेंस के विधायक अब्दुल मजीद लारवी ने मंगलवार को जम्मू-कश्मीर मंत्रिमंडल विस्तार में शामिल न किए जाने पर निराशा व्यक्त की। उन्होंने कहा कि वे मंत्री पद के हकदार थे लेकिन पार्टी नेतृत्व के फैसले को स्वीकार करते हैं।

अनंतनाग पश्चिम के विधायक ने कहा कि उन्हें मंत्रिमंडल में शामिल किए जाने की उम्मीद थी हालांकि उन्होंने मंत्रिमंडल संरचना पर निर्णय लेने के नेतृत्व के अधिकार को भी स्वीकार किया। लारवी ने कहा कि यह ईश्वर का निर्णय था और फिर हमारे नेतृत्व का निर्णय। हमारा नेतृत्व इसे बेहतर समझता है, हालांकि मैं मंत्री पद का हकदार था। मुझे भी यही उम्मीद थी।

विधायक ने कहा कि वे मंत्री पदों के लिए चुने गए चार विधायकों को स्वीकार करते हैं लेकिन खुद को शामिल न किए जाने से आहत हैं। उन्होंने कहा कि जिन चार लोगों को लिया गया है हम उन्हें स्वीकार करते हैं।

उन्होंने आगे कहा कि लेकिन मेरा दिल आहत है क्योंकि मैं भी इसके योग्य था। अपनी निराशा व्यक्त करते हुए विधायक लारवी ने पार्टी में अपनी वरिष्ठता, ईमानदारी और निष्ठा का हवाला देते हुए कहा कि वे संगठन के प्रति समर्पित रहे। उन्होंने कहा कि मेरा दिल दुखता है क्योंकि मैं वरिष्ठ था। दूसरा मैं ईमानदार था। तीसरा मैं निष्ठावान था। चौथा मैं समर्पित था। इसी वजह से मेरा दिल दुखता है। क्योंकि मैं भी एक इंसान हूं। नजरअंदाज किए जाने के बावजूद लारवी ने कहा कि वे नेशनल कॉन्फ्रेंस के लिए काम करना जारी रखेंगे।

उन्होंने कहा कि मैं पार्टी का सिपाही हूं। ईश्वर की कृपा से हम पार्टी के लिए काम करेंगे। ऐसी परिस्थितियां आती रहती हैं। जब उनसे पूछा गया कि क्या उन्होंने किसी नए मंत्री की नियुक्ति पर आपत्ति जताई थी तो विधायक लारवी ने उमर अब्दुल्ला के नेतृत्व वाली सरकार में रहे निर्दलीय विधायक सतीश शर्मा का जिक्र करते हुए कहा कि शर्मा ने नेशनल कॉन्फ्रेंस में शामिल होने की प्रतिबद्धता जताई थी। लारवी ने कहा कि मैंने किस पर आपत्ति जताई थी? सतीश शर्मा और अन्य पर। क्योंकि उन्होंने नेशनल कॉन्फ्रेंस में शामिल होने की प्रतिबद्धता जताई थी।

मंगलवार को श्रीनगर के लोक भवन में उपराज्यपाल मनोज सिन्हा द्वारा चार विधायकों अली मोहम्मद सागर, शमीमा फिरदौस, मीर सैफुल्लाह और अल्ताफ कालू को पद की शपथ दिलाने के बाद उन्होंने ये टिप्पणी की।

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हिन्दुस्थान समाचार / सुमन लता