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एक करोड़ की चोरी का पर्दाफाश, चोर गिरफ्तार, लाखों के गहने और नकदी बरामद

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एक करोड़ की चोरी का पर्दाफाश, चोर गिरफ्तार, लाखों के गहने और नकदी बरामद


नई दिल्ली, 24 मई (हि.स.)। दक्षिणी जिला पुलिस और ग्रेटर कैलाश थाना पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए करीब एक करोड़ रुपये की हाई-प्रोफाइल चोरी की वारदात का 48 घंटे के भीतर पर्दाफाश कर दिया। पुलिस ने मामले में आदतन चोरी की वारदातों में शामिल एक आरोपित को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से बड़ी मात्रा में सोने, हीरे, चांदी के आभूषण और 3.57 लाख रुपये नकद बरामद किए हैं। पुलिस का दावा है कि तकनीकी निगरानी, स्थानीय सूचना तंत्र और सीसीटीवी फुटेज की मदद से मामले का खुलासा किया गया।

दक्षिणी जिले के पुलिस उपायुक्त अनंत मित्तल ने रविवार को बताया कि 20 मई को ग्रेटर कैलाश थाना क्षेत्र के पंपोश एन्क्लेव स्थित एक मकान में बड़ी चोरी की शिकायत मिली थी। शिकायतकर्ता ने बताया कि दिन में घर बंद था। रात को लौटने पर घर के ताले टूटे मिले और घर से करीब एक करोड़ रुपये मूल्य के सोने, हीरे और चांदी के गहनों के अलावा 6.50 लाख रुपये नकद चोरी मिले।

मामले में ग्रेटर कैलाश थाने में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं के तहत ई-एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की गई। चोरी की गंभीरता को देखते हुए दक्षिण जिला स्पेशल स्टाफ और ग्रेटर कैलाश थाना पुलिस की संयुक्त टीम बनाई गई।

स्पेशल स्टाफ की टीम इंस्पेक्टर अनुज कुमार के नेतृत्व में बनाई गई, जबकि ग्रेटर कैलाश थाने की टीम का नेतृत्व एसएचओ इंस्पेक्टर भानु प्रताप ने किया। दोनों टीमों ने स्थानीय खुफिया जानकारी, तकनीकी सर्विलांस और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर जांच को आगे बढ़ाया।

पुलिस ने जांच के दौरान 250 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। करीब 10 किलोमीटर तक आरोपित की गतिविधियों को ट्रैक किया गया। इसी दौरान पुलिस को अहम सुराग मिले और 22 मई को गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी कर 28 वर्षीय सनवारा गुर्जर उर्फ सुनील को गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ में आरोपित ने चोरी की वारदात को अंजाम देने की बात कबूल कर ली। उसकी निशानदेही पर चोरी किए गए गहनों और नकदी का बड़ा हिस्सा बरामद कर लिया गया।

पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपित दिन के समय रिहायशी कॉलोनियों की रेकी करता था। वह बंद मकानों को निशाना बनाता और घरों के ताले तोड़कर चोरी की वारदात को अंजाम देता था। वारदात के बाद वह लगातार ठिकाने बदल लेता था और चोरी के गहनों को स्थानीय संपर्कों के जरिए ठिकाने लगाने की कोशिश करता था ताकि पुलिस से बच सके। बरामद सामान में करीब 12 लाख रुपये कीमत की डायमंड घड़ी, डायमंड सॉलिटेयर रिंग, ईयररिंग्स, करीब तीन लाख रुपये कीमत की लग्जरी घड़ी, मून ब्रेसलेट समेत कई कीमती आभूषण शामिल हैं। इसके अलावा 3.57 लाख रुपये नकद भी बरामद किए गए हैं।

पुलिस के अनुसार आरोपित मूल रूप से राजस्थान के टोंक जिले का रहने वाला है और वर्तमान में मदनपुर खादर इलाके में रह रहा था। वह पढ़ाई बीच में छोड़ चुका है और पहले घरों में माली का काम करता था। जांच में यह भी सामने आया कि वह पहले भी एक आपराधिक मामले में शामिल रहा है और उस मामले में अदालत से गैर जमानती वारंट जारी होने के बाद फरार चल रहा था। पुलिस अब आरोपित के अन्य संभावित आपराधिक नेटवर्क और चोरी के मामलों में उसकी संलिप्तता की भी जांच कर रही है। पुलिस अधिकारियों ने कहना है कि संगठित चोरी गिरोहों और आदतन अपराधियों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।

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हिन्दुस्थान समाचार / कुमार अश्वनी